हल्द्वानी में भाजपाइयों का महामंथन: आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों का फूंका बिगुल
हल्द्वानी में भाजपाइयों का महामंथन: आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों का फूंका बिगुल
अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ संसदीय क्षेत्र के सांसद, विधायकों और जिलाध्यक्षों की मैराथन बैठक में मुख्यमंत्री धामी और प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने भरा कार्यकर्ताओं में जोश
आगामी विधानसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए भारतीय जनता पार्टी ने अपनी संगठनात्मक मशीनरी को धार देना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में सोमवार को हल्द्वानी स्थित एक स्थानीय प्रेक्षागृह में कुमाऊँ संभाग के अंतर्गत आने वाले अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ संसदीय क्षेत्र की एक अति महत्वपूर्ण रणनीतिक बैठक आयोजित की गई।
बैठक में मुख्य रूप से प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट की गरिमामयी उपस्थिति रही। चुनावी दृष्टिकोण से बेहद अहम मानी जा रही इस बैठक में संसदीय क्षेत्र के सांसद, संबंधित विधानसभा क्षेत्रों के विधायक एवं भाजपा जिलाध्यक्षों ने अपनी सहभागिता दर्ज कराई।
बूथ स्तर पर मजबूती और विकास कार्यों पर जोर
बैठक के दौरान आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर व्यापक खाका तैयार किया गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जनप्रतिनिधियों और संगठन के शीर्ष पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि राज्य सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों और बुनियादी ढांचे के विकास कार्यों को अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक पहुंचाना पार्टी का प्राथमिक लक्ष्य है। उन्होंने स्पष्ट किया कि क्षेत्रीय विकास के मुद्दों का त्वरित निस्तारण किया जाएगा और जनहित से जुड़ी योजनाओं में किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
‘बूथ जीता, चुनाव जीता’ का दिया मंत्र
प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने संगठनात्मक विषयों पर ध्यान केंद्रित करते हुए कार्यकर्ताओं की सक्रियता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि संगठन की असली ताकत उसके कार्यकर्ता और बूथ प्रबंधन में निहित है। महेंद्र भट्ट ने सभी जिलाध्यक्षों को निर्देश दिए कि बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं को पूरी तरह सक्रिय किया जाए और सरकार की उपलब्धियों का प्रचार-प्रसार घर-घर जाकर सुनिश्चित किया जाए।
रणनीतिक दृष्टिकोण से क्यों अहम है यह बैठक?
अल्मोड़ा-पिथौरागढ़ संसदीय क्षेत्र कुमाऊँ की राजनीति का केंद्र माना जाता है। यहाँ के विधायकों, सांसद और जिलाध्यक्षों के साथ मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष का सीधा संवाद यह संकेत देता है कि भाजपा ने अभी से ही आगामी चुनावों के लिए अपनी गोटियाँ बैठानी शुरू कर दी हैं। बैठक में न केवल क्षेत्र की ज्वलंत समस्याओं पर गहन चर्चा हुई, बल्कि अंतर्विरोधों को दूर कर सर्वसम्मति से चुनावी मैदान में उतरने का कड़ा संदेश भी दिया गया।
बैठक के अंत में सभी जनप्रतिनिधियों और पदाधिकारियों ने एक स्वर में संकल्प लिया कि वे पूरी एकजुटता और निष्ठा के साथ पार्टी के संगठन को और अधिक मजबूत बनाएंगे तथा जनता के बीच जाकर सरकार की नीतियों का अलख जगाएंगे।
कुमाऊं में बीजेपी का सांगठनिक मंथन: 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए धामी-महेंद्र भट्ट ने कार्यकर्ताओं को दिया जीत का मंत्र
उत्तराखंड में आगामी वर्ष 2027 के विधानसभा चुनावों को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने अपनी तैयारियों को धार देना शुरू कर दिया है। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के हल्द्वानी एवं चोरगलिया दौरे के दौरान कुमाऊं मंडल की एक महत्वपूर्ण सांगठनिक बैठक आयोजित की गई।
बैठक में कुमाऊं संभाग के सभी सांगठनिक जिलों के जिलाध्यक्षों तथा करीब 130 मंडल अध्यक्षों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। बैठक का मुख्य उद्देश्य संगठन की मजबूती, आगामी सांगठनिक कार्यक्रमों की रूपरेखा तथा वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव की रणनीतियों पर गहन मंथन करना रहा।
संगठन की मजबूती और 2027 का लक्ष्य
बैठक के समापन के बाद बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि पार्टी 2027 के चुनावी समर के लिए बूथ स्तर तक अपने ढांचे को मजबूत करने में जुटी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने का निर्देश दिया गया है।
प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के प्रमुख बयान
कथित शुद्धिकरण विवाद पर स्पष्टीकरण:
हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कांग्रेस की जनसभा के उपरांत कथित रूप से कराए गए शुद्धिकरण के सवाल पर प्रदेश अध्यक्ष ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने साफ किया कि “बीजेपी का शुद्धिकरण करने वाले किसी भी व्यक्ति से पार्टी का कोई लेना-देना या संबंध नहीं है।” सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीरों में इन व्यक्तियों के बीजेपी नेताओं के साथ दिखने पर भी उन्होंने अपने बयान को दोहराते हुए पार्टी के किसी भी जुड़ाव से इनकार किया।
नकल विरोधी कानून और शिक्षा व्यवस्था पर प्रतिक्रिया:
योग गुरु बाबा रामदेव द्वारा उत्तराखंड की शिक्षा व्यवस्था और पेपर लीक को लेकर उठाए गए सवालों पर महेंद्र भट्ट ने सरकार का बचाव किया। उन्होंने कहा कि “मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राज्य में देश का सबसे सख्त नकल विरोधी कानून लागू किया गया है। कानून बनने के बाद से नकल कराने वाले सभी दोषी और अपराधी सलाखों के पीछे हैं। अब नकल कराना संभव नहीं है और यह केवल चर्चा का विषय बनकर रह गया है।”
कुमाऊं मंडल के विशाल सांगठनिक आधार (130 मंडल अध्यक्षों और सभी जिलाध्यक्षों) के साथ मुख्यमंत्री और प्रदेश अध्यक्ष का यह सीधा संवाद स्पष्ट संकेत देता है कि बीजेपी ने आगामी चुनाव की बिसात बिछानी शुरू कर दी है। सरकार की उपलब्धियों के प्रचार और सख्त नकल विरोधी कानून जैसे बड़े प्रशासनिक फैसलों के सहारे पार्टी अपने पक्ष में माहौल बनाए रखने की रणनीति पर काम कर रही है।