अल्मोड़ा: ‘वीएल लाइट ट्रैप’ तकनीक के व्यावसायीकरण के लिए वीपीकेएएस और दून ट्रंक हाउस में हुआ अनुबंध

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अल्मोड़ा: ‘वीएल लाइट ट्रैप’ तकनीक के व्यावसायीकरण के लिए वीपीकेएएस और दून ट्रंक हाउस में हुआ अनुबंध

 

 

अल्मोड़ा। भाकृअनुप–विवेकानन्द पर्वतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (वीपीकेएएस), अल्मोड़ा द्वारा विकसित ‘वीएल लाइट ट्रैप’ तकनीक अब सीधे किसानों तक पहुंचेगी। संस्थान ने इस पर्यावरण-अनुकूल और किफायती कीट प्रबंधन उपकरण के व्यावसायिक उत्पादन और विपणन के लिए स्थानीय फर्म ‘दून ट्रंक हाउस’ के साथ चार वर्ष की अवधि के लिए एक प्रौद्योगिकी लाइसेंस अनुबंध पर हस्ताक्षर किए हैं।

 

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इस समझौते के तहत संबंधित फर्म निर्धारित नियमों और मानकों के अनुसार इस तकनीक का उत्पादन और वितरण करेगी, जिससे किसानों को कीट नियंत्रण का एक सुरक्षित व टिकाऊ विकल्प मिल सकेगा।

 

 

 

 

संस्थान के निदेशक डॉ. लक्ष्मी कान्त ने कहा कि कृषि अनुसंधानों का प्रभावी व्यावसायीकरण संस्थान की प्राथमिकताओं में शामिल है। यह ‘वीएल लाइट ट्रैप’ किसानों के लिए कम लागत में फसलों को कीटों से बचाने का एक बेहद प्रभावी साधन साबित होगा। संस्थान भविष्य में भी ऐसे नवाचारों के जरिए कृषि क्षेत्र और किसानों को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।

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अनुबंध पर हस्ताक्षर के दौरान संस्थान के निदेशक डॉ. लक्ष्मी कान्त, बौद्धिक संपदा एवं प्रौद्योगिकी प्रबंधन प्रकोष्ठ के अध्यक्ष डॉ. निर्मल कुमार हेडाऊ और फसल सुरक्षा विभाग के अध्यक्ष डॉ. कृष्ण कांत मिश्रा मौजूद रहे। वहीं दून ट्रंक हाउस की ओर से मोहम्मद सलीम और मोहम्मद सलमान ने प्रतिनिधित्व किया।

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