उत्तराखंड हाई कोर्ट में किसानों के हितों में दिए गए आदेशों का पालन न करने पर केंद्र सरकार ने ….

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उत्तराखंड हाईकोर्ट में 2018 में किसानों के हितों में दिए गए पूर्व के आदेशों का पालन न करने के खिलाफ दायर अवमानना याचिका पर आज हुई सुनवाई के दौरान केंद्रीय कृषि सचिव मनोज आहूजा द्वारा शपथ पत्र दायर कर कोर्ट को बताया गया

 

 

 

 

कि राष्ट्रीय किसान आयोग की सिफारिश और माननीय उच्च न्यायालय उत्तराखंड के आदेशों के अनुपालन में भारत सरकार द्वारा फसलों की उत्पादन लागत का डेढ़ गुना न्यूनतम समर्थन मूल्य तय किया गया है जो कि खरीफ रवि और अन्य व्यवसायिक फसलों पर लागू किया गया है। मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट ने अवमानना याचिका को निस्तारित कर दिया।

 

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आपकों बता दे कि किसान नेता डॉ गणेश उपाध्याय किसान नेता द्वारा उच्च न्यायालय में जनहित दायर कर कहा है कि केंद्र सरकार को स्वामीनाथन आयोग की सिफारिशों को लागू करने पर विचार करने के पूर्व में आदेश दिए थे।

 

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भारत सरकार द्वारा फसलों की उत्पादन लागत का डेढ़ गुना न्यूनतम समर्थन मूल्य तय किया गया है जो कि खरीफ रवि और अन्य व्यवसायिक फसलों पर लागू किया गया है। बावजूद इसके अभी तक किसानों को फसलों न्यूनतम समर्थन मूल्य नही मिल पा रहा है।

 

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