दन्या पुलिस ने पनुवानौला के गांधी इंटर कॉलेज में चलाया जागरूकता अभियान साइबर अपराध, नशे के दुष्परिणाम, यातायात नियमों और महिला सुरक्षा के प्रति छात्र-छात्राओं व शिक्षकों को किया गया जागरूक
दन्या पुलिस ने पनुवानौला के गांधी इंटर कॉलेज में चलाया जागरूकता अभियान साइबर अपराध, नशे के दुष्परिणाम, यातायात नियमों और महिला सुरक्षा के प्रति छात्र-छात्राओं व शिक्षकों को किया गया जागरूक
अल्मोड़ा। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) अल्मोड़ा चन्द्रशेखर घोडके के निर्देशानुसार जनपद के शैक्षणिक संस्थानों, कस्बों और ग्रामीण क्षेत्रों में चलाए जा रहे जनजागरूकता अभियान के तहत मंगलवार को दन्या पुलिस ने गांधी इंटर कॉलेज, पनुवानौला में एक विस्तृत जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया।
अपर पुलिस अधीक्षक अल्मोड़ा हरबन्स सिंह के मार्गदर्शन एवं सीओ अल्मोड़ा बलवन्त सिंह रावत के पर्यवेक्षण में आयोजित इस कार्यक्रम का नेतृत्व थानाध्यक्ष दन्या दिनेश नाथ महन्त और प्रभारी चौकी जागेश्वर कमित जोशी ने किया। कार्यक्रम में विद्यालय के सैकड़ों छात्र-छात्राओं के साथ-साथ शिक्षक व स्टाफ मौजूद रहा।
साइबर फ्रॉड और ‘डिजिटल अरेस्ट’ से बचाव के बताए तरीके
कार्यक्रम के दौरान पुलिस टीम ने विद्यार्थियों को तेजी से बढ़ते साइबर अपराधों, ऑनलाइन फ्रॉड, फर्जी कॉल और सोशल मीडिया के सुरक्षित उपयोग के प्रति सतर्क किया। पुलिस ने जोर देकर कहा कि कोई भी व्यक्ति अपना ओटीपी या बैंकिंग संबंधी व्यक्तिगत जानकारी किसी के साथ साझा न करे।
विशेष रूप से
डिजिटल अरेस्ट’ जैसे नए साइबर फ्रॉड के तरीकों से सावधान करते हुए अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि *कोई भी पुलिस या सरकारी एजेंसी फोन अथवा वीडियो कॉल के जरिए किसी व्यक्ति को “डिजिटल अरेस्ट” नहीं करती।* ऐसे कॉल आने पर घबराने के बजाय तुरंत फोन काटकर पुलिस को सूचित करने की सलाह दी गई।
आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर और सुरक्षा ऐप्स की दी जानकारी
छात्र-छात्राओं को उत्तराखंड पुलिस ऐप (Uttarakhand Police App) और महिला सुरक्षा के लिए समर्पित ‘गौरा शक्ति ऐप’ की उपयोगिता समझाई गई। साथ ही किसी भी आपात स्थिति में निम्नलिखित हेल्पलाइन नंबरों का उपयोग करने के लिए जागरूक किया गया:
साइबर हेल्पलाइन: 1930 (वेबसाइट: www.cybercrime.gov.in)
आपातकालीन सेवा: 112
महिला हेल्पलाइन:1090
चाइल्ड हेल्पलाइन: 1098
मानस (नशा मुक्ति) हेल्पलाइन: 1933
आपदा हेल्पलाइन:1070
### नशा उन्मूलन और सड़क सुरक्षा का संदेश
‘नशा मुक्त उत्तराखंड’ अभियान के तहत विद्यार्थियों को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करते हुए स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। पुलिस ने अपील की कि किसी भी प्रकार की नशा तस्करी या संदिग्ध गतिविधियों की सूचना तत्काल पुलिस या मानस हेल्पलाइन नंबर 1933 पर दें।
इसके अलावा यातायात नियमों के पालन, दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनने, चारपहिया वाहन में सीट बेल्ट का उपयोग करने, ओवरस्पीडिंग रोकने और वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का इस्तेमाल न करने की सख्त हिदायत दी गई। अंत में, पुलिस टीम ने स्थानीय लोगों से अपराध नियंत्रण में सहयोग हेतु किरायेदारों, घरेलू नौकरों एवं बाहरी व्यक्तियों का
पुलिस सत्यापन (Verification) अनिवार्य रूप से कराने की अपील की।