देवभूमि शर्मसार: फॉर्च्यूनर से आए ‘लग्जरी’ पर्यटकों ने होमस्टे संचालक को लगाया चूना, बिना पैसे दिए हुए फरार*
देवभूमि शर्मसार: फॉर्च्यूनर से आए ‘लग्जरी’ पर्यटकों ने होमस्टे संचालक को लगाया चूना, बिना पैसे दिए हुए फरार*
उत्तराखंड: अपनी प्राकृतिक सुंदरता और ‘अतिथि देवो भवः’ की संस्कृति के लिए दुनिया भर में मशहूर देवभूमि उत्तराखंड से एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है। आदि कैलाश की यात्रा पर आए कुछ पर्यटकों ने एक स्थानीय होमस्टे संचालक के साथ धोखाधड़ी की है। वे होमस्टे में रहने, खाने-पीने के बाद बिना बिल चुकाए अपनी लग्जरी फॉर्च्यूनर गाड़ी से रफूचक्कर हो गए। पीड़ित परिवार ने सोशल मीडिया पर अपना दर्द साझा करते हुए आरोपियों का मोबाइल नंबर भी सार्वजनिक किया है।
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के मुताबिक, कुछ पर्यटक आदि कैलाश क्षेत्र में घूमने आए थे। वे यहाँ एक बुजुर्ग महिला (नानी) द्वारा संचालित होमस्टे में रुके। उन्होंने वहाँ मिलने वाली सभी सुविधाओं, रहने और खाने-पीने का जमकर लुत्फ उठाया।
बाहर खड़ी महंगी
फॉर्च्यूनर गाड़ी और उनकी **लग्जरी जीवनशैली* को देखकर सीधे-साधे स्थानीय लोगों को जरा भी भनक नहीं लगी कि वे धोखाधड़ी का शिकार होने वाले हैं। लेकिन जब भुगतान का समय आया, तो ये पर्यटक बिना एक भी रुपया दिए चुपचाप गाड़ी लेकर वहाँ से फरार हो गए।
सोशल मीडिया पर छलका पीड़ित परिवार का दर्द
पीड़ित परिवार के सदस्य ने सोशल मीडिया पर घटना की जानकारी देते हुए लिखा:”आदि कैलाश घूमने आए और मेरी नानी के होमस्टे में रहकर, खा के पी के फॉर्चुनर गाड़ी में, लग्जरी जिंदगी दिखाते हुए, बिना पैसे दिए भाग गए। ऐसे लोगों की वजह से इंसानियत से भरोसा उठ जाता है।”
पीड़ितों ने बताया कि जाते-जाते आरोपी एक मोबाइल नंबर (9811619595) छोड़ गए थे, जो अब शायद बंद या फर्जी हो सकता है।
रोजगार और
इंसानियत पर चोट
उत्तराखंड के दूरदराज के इलाकों में रहने वाले स्थानीय लोग बहुत मेहनत से पर्यटकों के लिए रहने और खाने-पीने की व्यवस्था करते हैं। पहाड़ में होमस्टे यहाँ के युवाओं और बुजुर्गों के रोजगार का एक बड़ा जरिया है।
* सैलानियों को घर जैसा माहौल देने के लिए स्थानीय लोग अपनी पूरी ताकत झोंक देते हैं।
ऐसे में बड़ी गाड़ियों में घूमने वाले अमीर पर्यटकों द्वारा चंद रुपयों के लिए की गई यह हरकत न केवल आर्थिक नुकसान पहुंचाती है, बल्कि पहाड़ के लोगों के भरोसे और उनकी मेहमाननवाजी की भावना को भी ठेस पहुंचाती है।
प्रशासन से संज्ञान लेने की मांग
इस घटना के सामने आने के बाद स्थानीय लोगों और सोशल मीडिया यूजर्स में भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि ऐसे रसूखदार और धोखेबाज पर्यटकों पर नकेल कसना बेहद जरूरी है।
बड़ा सवाल: अगर बड़ी-बड़ी गाड़ियों में घूमने वाले लोग भी इस तरह की ओछी हरकतें करेंगे, तो गरीब होमस्टे संचालक किस पर भरोसा करेंगे?
स्थानीय जनता ने उत्तराखंड पुलिस और प्रशासन से मांग की है कि दिए गए नंबर और क्षेत्र के सीसीटीवी (CCTV) फुटेज के आधार पर इस फॉर्च्यूनर गाड़ी का पता लगाया जाए और आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में कोई भी देवभूमि के सीधे-साधे लोगों के साथ ऐसा खिलवाड़ करने की हिम्मत न कर सके।