Uttrakhand News:38वें राष्ट्रीय खेलों के लिए शासन ने जारी किया संशोधित आदेश,खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को मिलेंगी बेहतरीन सुविधाएं : रेखा आर्या

0
ख़बर शेयर करें -

38वें राष्ट्रीय खेल उत्तराखंड में 28 जनवरी 2025 से 14 फरवरी 2025 तक आयोजित होने जा रहे हैं।

इसके लिए राज्य सरकार ने विशेष तैयारी शुरू कर दी है। खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए शासन ने एक संशोधित आदेश जारी किया है। इसमें प्रशिक्षण शिविरों के आयोजन, आवश्यक संसाधनों और मानदेयों में कई महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। 

इस बारे में जानकारी देते हुए शुक्रवार को प्रदेश की खेल मंत्री रेखा आर्या ने बताया कि यह संशोधित आदेश उत्तराखंड के खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को उत्कृष्ट सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इससे न केवल खिलाड़ियों की तैयारियों को बल मिलेगा, बल्कि उनका प्रदर्शन भी बेहतर होगा। उत्तराखंड सरकार का यह कदम राष्ट्रीय खेलों में राज्य के प्रदर्शन को बेहतर बनाने की दिशा में एक बड़ा प्रयास है। खेल मंत्री ने विश्वास जताया कि इस निर्णय से खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को बेहतरीन सुविधाएं मिलेंगी और उत्तराखंड खेलों में नए कीर्तिमान स्थापित करेगा। यही नहीं, देवभूमि के साथ खेल प्रतिभाओं की भूमि के नाम से उत्तराखंड की ख्याति होगी। 

यह भी पढ़ें 👉  Uttrakhand News:उत्तराखंड: मतदाता सूची को शुद्ध करने के लिए 88% मैपिंग पूरी, देहरादून और ऊधमसिंह नगर पिछड़े

🌸खिलाड़ियों के लिए बढ़ाई गई सुविधाएं 

संशोधित आदेश के तहत खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों के आवास का खर्च 150 से बढ़ाकर 800 प्रतिदिन कर दिया गया है। अब खिलाड़ियों को भोजन भत्ता 250 की बजाय 480 प्रतिदिन दिया जाएगा। स्पोर्ट्स किट, ट्रैक सूट, जूते, और अन्य आवश्यक सामग्री के लिए पांच हजार रुपये की पूर्व सीमा को यथावत रखा गया है। खेल सामग्री के बजट को 25 हजार से बढ़ाकर तीन लाख कर दिया गया है। मैदान की मरम्मत, लेखन सामग्री और अन्य जरूरतों के लिए 25 हजार की सीमा को बढ़ाकर 40 हजार रुपये कर दिया गया है। यात्रा खर्च 1500 से बढ़ाकर दो हजार रुपये प्रति व्यक्ति किया गया है। 

प्रशिक्षकों और सपोर्टिंग स्टाफ के मानदेय में बढ़ोतरी 

खेल मंत्री ने बताया कि खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देने वाले प्रशिक्षकों और सपोर्टिंग स्टाफ के मानदेय में भी उल्लेखनीय वृद्धि की गई है। हेड कोच का मानदेय 75 हजार से बढ़ाकर 1.25 लाख रुपये प्रति माह कर दिया गया है। सहायक प्रशिक्षक का मानदेय 40 हजार से बढ़ाकर 80 हजार रुपये प्रतिमाह कर दिया गया है। अन्य सपोर्ट स्टाफ जैसे फिजियोथेरेपिस्ट, मनोवैज्ञानिक और पोषण विशेषज्ञ का मानदेय 60 हजार प्रति माह कर दिया गया है। मसाजर का मानदेय 40 हजार रुपये प्रतिमाह किया गया है।

यह भी पढ़ें 👉  Uttrakhand News:टिहरी बांध की झील में पहली बार सी-प्लेन उतारने का पहला ट्रायल रहा सफल

🌸खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को मिलेगा मजबूत आधार 

खेल मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि इस संशोधित आदेश से खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों को मजबूत आधार मिलेगा। सरकार ने सुनिश्चित किया है कि किसी भी प्रकार की वित्तीय बाधा उनके प्रदर्शन में रुकावट न बने। यह कदम न केवल राज्य की खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच पर पहचान दिलाएगा, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी उनकी सफलता का मार्ग प्रशस्त करेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *