Almora News :जिले के किसी भी अस्पताल में लेवल-टू जांच की सुविधा न होने से गर्भवतियां परेशान,हायर सेंटर दौड़ लगाने के लिए मजबूर

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अल्मोड़ा। जिले के किसी भी अस्पताल में लेवल-टू जांच की सुविधा न होने से गर्भवतियां परेशान हैं और उन्हें इसके लिए हायर सेंटर की दौड़ लगाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।गर्भस्थ शिशु की शारीरिक संरचना का पता लगाने के लिए लेवल-टू जांच की जाती है।

जांच में पता चलता है कि गर्भस्थ शिशु का विकास सही तरीके से हो रहा है या नही। यदि कुछ कमियां मिलीं तो उन्हें समय पर दूर किया जा सकता है। हैरानी की बात यह है कि जिले के किसी भी अस्पताल में इस जांच की सुविधा नहीं है। महिला अस्पताल में ही हर माह औसतन 15 से 20 गर्भवतियां ऐसी पहुंचती हैं जिन्हें लेवल-टू जांच की जरूरत होती है। अस्पताल प्रबंधन के लिए उन्हें हायर सेंटर रेफर करना मजबूरी बन गया है।

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💠डिजिटल एक्स-रे मशीन हुई ठीक, मिली राहत 

अल्मोड़ा। जिला अस्पताल में चार दिन बाद डिजिटल एक्स-रे मशीन ठीक होने से मरीजों को राहत मिली है। चिकित्सक हड्डी, फेफड़े की दिक्कत से जूझते हुए अस्पताल पहुंच रहे मरीजों को डिजिटल एक्स-रे की सलाह दे रहे थे, लेकिन मशीन खराब होने से वे निजी अस्पतालों की दौड़ लगाने के लिए मजबूर थे। पीएमएस डाॅ. एचसी गड़कोटी ने बताया की तकनीकी खराबी के कारण डिजिटल एक्स-रे मशीन का संचालन ठप था, इसे ठीक किया गया है। जांच शुरू हो चुकी है।

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कोट- लेवल-टू जांच की सुविधा के लिए शासन को पत्राचार किया गया है। स्थानीय स्तर पर यह सुविधा जरूरी है। -डॉ. आरसी पंत, सीएमओ, अल्मोड़ा।

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