श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति के लिए जागेश्वर धाम से मथुरा ‘कार सेवा’ यात्रा का आगाज; 6 दिसंबर को शौर्य दिवस पर मथुरा पहुंचने का आह्वान

श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति के लिए जागेश्वर धाम से मथुरा ‘कार सेवा’ यात्रा का आगाज; 6 दिसंबर को शौर्य दिवस पर मथुरा पहुंचने का आह्वान

 

 

 

 

जागेश्वर धाम :श्रीकृष्ण जन्मभूमि को मुक्त कराने और वहां भव्य मंदिर निर्माण के संकल्प के साथ ब्रज क्षेत्र से शुरू हुई ‘आधार शिला यात्रा’ देवभूमि हरिद्वार होते हुए सिद्धपीठ जागेश्वर धाम पहुंची। जागेश्वर धाम के पवित्र मंदिर परिसर में संतों और श्रद्धालुओं ने विधि-विधान पूर्वक पूजन और यज्ञ का आयोजन किया, जिसमें 33 कोटि देवी-देवताओं का आह्वान कर उनका आशीर्वाद प्राप्त किया गया।

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“33 कोटि देवी-देवताओं के इस परम धाम में शिला पूजन कर संकल्प लिया गया है कि आगामी 6 दिसंबर को शौर्य दिवस के अवसर पर सभी भक्त व संत मथुरा पहुंचेंगे और जन्मभूमि को मुक्त कराने हेतु कार सेवा करेंगे।” — डॉ. स्वामी सच्चिदानंद  महंत राहुल गोपाल

महामंडलेश्वर लाल बाबा चित्रगुप्त पीठ जागेश्वर ने कहा पूजा स्थल अधिनियम 1991 को समाप्त किया जाए: संतों का आरोप है कि यह कानून सनातन हिंदू धर्म की आस्था के साथ खिलवाड़ करता है, इसे तुरंत निरस्त किया जाए।फास्ट ट्रैक कोर्ट में नित्य सुनवाई: श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में प्रतिदिन (नित्य) चलाकर शीघ्र अंतिम निर्णय सुनाया जाए।

कार सेवा की चेतावनी: संतों ने स्पष्ट किया है कि यदि मांगों पर शीघ्र न्यायसंगत निर्णय नहीं लिया गया, तो कार सेवा पर विराम लगाना संभव नहीं होगा।

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जागेश्वर धाम में शिला का भव्य पूजन संपन्न होने के बाद यात्रा अपने अगले पड़ाव के लिए प्रस्थान कर चुकी है। संतों ने देशभर के सनातन धर्मियों से 6 दिसंबर को अधिक से अधिक संख्या में मथुरा पहुंचने की अपील की है।

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