Almora News:पुलिस के सुनवाई न करने पर न्यायालय की शरण में जाकर पीड़ित माँ ने दर्ज कराया मामला,जाने

अल्मोड़ा। जिले में मित्र पुलिस की बड़ी लापरवाही सामने आई है। धौलछीना ब्लॉक के तल्ला दन्या निवासी महिला अपने बेटे को इंसाफ दिलाने के लिए एक साल तक अल्मोड़ा कोतवाली के चक्कर काटती रही, लेकिन पुलिस अधिकारियों ने उनकी नहीं सुनी।कार्रवाई की बात तो दूर उनकी रिपोर्ट तक दर्ज नहीं की गई। मजबूर होकर मां ने न्यायालय की शरण ली तब जाकर आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज हुआ है।

🔹बेटे को गला दबाकर जान मारने की कोशिश

न्यायालय के आदेश पर तल्ला दन्या निवासी अभय मेहरा की ओर से मिली तहरीर को पुलिस ने स्वीकारा है। तहरीर के मुताबिक उसकी मां और बहन अल्मोड़ा में रहती हैं और वह दिल्ली में पढ़ाई करता है। अगस्त 2022 को वह मां और बहन से मिलने आया था। आरोप है कि आरोपी फईस खान, स्वप्निल जोशी निवासी खत्याड़ी, विदित चंद्रा निवासी दुगालखोला, आदित्य साह सहित अन्य लोगों ने उस पर जानलेवा हमला किया और गला दबाकर जान मारने की कोशिश की।

🔹मां साल भर तक थाने के चक्कर काटती रही

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इस घटना में वह लंबे समय तक अस्पताल में भर्ती रहा। उसने आरोप लगाते हुए कहा कि तब कोतवाली पुलिस को तहरीर देने के बाद भी मुकदमा दर्ज नहीं किया गया। बताया कि उसके पिता का निधन हो चुका है। मां साल भर तक थाने के चक्कर काटती रही, लेकिन किसी ने उनकी नहीं सुनी। न्यायालय के आदेश पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 147, 323, 325, 307, 504, 506, 427 के तहत मुकदमा दर्ज किया।

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🔹पूर्व में मुकदमा दर्ज क्यों नहीं हुआ

एसएसपी रामचंद्र राजगुरु ने कहा कि आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले में पूर्व में मुकदमा दर्ज क्यों नहीं हुआ, इसकी भी जांच की जा रही है। ऐसे में मां-बेटे को न्याय मिलने की उम्मीद जगी है।