धौलादेवी सीएचसी में सुविधाओं की माँग: 29 सितंबर से तीन दिवसीय धरने पर बैठेंगे डॉ. नीरज पंत

धौलादेवी सीएचसी में सुविधाओं की माँग: 29 सितंबर से तीन दिवसीय धरने पर बैठेंगे डॉ. नीरज पंत
माँगें पूरी न होने पर आमरण अनशन की चेतावनी, 15 वर्षों से तरस रही 50 हजार की आबादी
अल्मोड़ा/धौलादेवी: सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) धौलादेवी में अल्ट्रासाउंड और डिजिटल एक्स-रे मशीन की स्थापना की माँग को लेकर भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. नीरज पंत ने जिला चिकित्सा प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने घोषणा की है कि मंगलवार, 29 सितंबर से प्रातः 10 बजे से सीएचसी परिसर में तीन दिवसीय धरना प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। डॉक्टर पंत ने चेतावनी दी है कि यदि तीन दिनों के भीतर माँगें पूरी नहीं की गईं, तो वे आमरण अनशन करने को मजबूर होंगे।
डॉ. नीरज पंत ने बताया कि धौलादेवी क्षेत्र की लगभग 50 हजार की आबादी स्वास्थ्य सुविधाओं के लिए पूरी तरह इसी अस्पताल पर निर्भर है। पिछले 15 वर्षों से लगातार माँग करने और कई बार पत्र भेजने के बाद भी यहाँ बुनियादी जाँच सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई है।
उन्होंने जिला प्रशासन पर निशाना साधते हुए कहा कि एक तरफ प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी हर जिले में मेडिकल कॉलेज स्थापित कर स्वास्थ्य ढाँचे को मजबूत कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ अल्मोड़ा जिला चिकित्सा प्रशासन की हीलाहवाली के कारण धौलादेवी क्षेत्र बुनियादी सुविधाओं से वंचित है। मुख्यमंत्री की मंशा को धरातल पर उतारने में जिला प्रशासन पूरी तरह विफल साबित हुआ है।
सामान्य जाँच के लिए भी मरीजों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं को पहाड़ी रास्तों से होकर अल्मोड़ा जाना पड़ता है, जिससे उन पर समय और आर्थिक बोझ पड़ता है। डॉ. पंत ने इसे पूरे क्षेत्र के स्वास्थ्य अधिकारों की लड़ाई करार दिया।
इस आंदोलन को स्थानीय ग्रामीणों, महिलाओं, युवाओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं का व्यापक समर्थन मिल रहा है। डॉ. नीरज पंत ने जिला चिकित्सा प्रशासन से जनभावनाओं का सम्मान करते हुए सीएचसी धौलादेवी में तत्काल अल्ट्रासाउंड और डिजिटल एक्स-रे मशीन स्थापित करने की माँग की है।