Almora News:जिला अस्पताल के स्वास्थ्य कर्मचारियों ने सीटी स्कैन मशीन की जगह को बदलने पर किया विरोध, सीएमओ को भेजा ज्ञापन

ख़बर शेयर करें -

जिला अस्पताल के मीटिंग हॉल में सीटी स्कैन मशीन स्थापित करने का चिकित्सकों और अन्य स्वास्थ्य कर्मियों ने विरोध शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि बच्चा वार्ड के ठीक नीचे और अल्ट्रासाउंड और पैथोलॉजी कक्ष के पास सीटी स्कैन मशीन लगाने से बच्चों, गर्भवतियों और अन्य मरीजों में रेडिएशन का खतरा बढ़ेगा।यह उनके स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ है। ऐसे में मशीन को अन्य स्थान पर स्थापित करना चाहिए।

🔹स्वास्थ्य कर्मियों ने किया विरोध शुरू 

दरअसल जिला अस्पताल में सीटी स्कैन स्थापित करने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए मीटिंग हॉल में जगह चिन्हित की है। यहां मशीन स्थापित करने का चिकित्सकों और अन्य सभी स्वास्थ्य कर्मियों ने विरोध शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि जिस मीटिंग हॉल में सीटी स्कैन मशीन स्थापित की जा रही है उसके ठीक नीचे ओपीडी पर्ची काउंटर, औषधी वितरण कक्ष है, जहां मरीजों की खासी भीड़ रहती है। हॉल के बिल्कुल पास में एक्सरे, अल्ट्रासाउंड कक्ष है जहां मरीजों के साथ ही गर्भवतियों की जांच होती है।

यह भी पढ़ें 👉  Uttrakhand News :धामी सरकार एक बड़ी पहल,15 हजार प्रतिभावान विद्यार्थियों की माताओं को किया जाएगा सम्मानित

🔹मांग पूरी नही हुई तो होगाआंदोलन

हॉल के ऊपरी तल पर बच्चा वार्ड है, यहां कई बीमार बच्चे भर्ती होते हैं। हॉल में सीटी स्कैन मशीन स्थापित होने से बच्चा वार्ड, अल्ट्रासाउंड कक्ष, ओपीडी पर्ची काउंटर में आने वाले मरीजों में रेडिशन का खतरा बढ़ जाएगा जो उनके स्वास्थ्य के लिए ठीक नहीं है। हॉल तक पहुंचने के लिए रैंप की भी सुविधा नहीं है। ऐसे में गंभीर मरीजों को वहां तक पहुंचाना मुश्किल होगा। उन्होंने मरीजों के साथ ही उनके स्वास्थ्य को देखते हुए सीटी स्कैन मशीन को कैंटीन या अन्य जगह स्थापित करने की मांग की है। चेतावनी देते हुए कहा यदि ऐसा नहीं हुआ तो वे आंदोलन करेंगे। उन्होंने इस मामले में अस्पताल प्रबंधन के साथ ही सीएमओ को ज्ञापन भी भेजा है।

🔹निर्माण कार्य के चलते नहीं हो रहा ओटी का संचालन

यह भी पढ़ें 👉  Uttrakhand News :मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने आगामी लोकसभा निर्वाचन से संबंधित तैयारियों की समीक्षा की, व्यवस्था सुनिश्चित करने के दिए निर्देश

जिला अस्पताल में सीटी स्कैन मशीन स्थापित करने के साथ ही ओटी के विस्तारीकरण के लिए निर्माण कार्य चल रहा है इसके चलते बीते चार माह से ओटी का संचालन ठप है। जनरल सर्जरी के लिए अस्थाई ओटी का संचालन किया जा रहा है, लेकिन आंख के ऑपरेशन के लिए ओटी संचालित नहीं हो रही। ऐसे में यहां आंख के ऑपरेशन पूरी तरह ठप हैं और मरीजों को अन्य अस्पतालों की दौड़ लगानी पड़ रही है। अस्पताल प्रबंधन के मुताबिक निर्माण कार्य पूरा होने में करीब एक माह का समय और लगेगा। ऐसे में मरीजों को जल्द राहत मिलने की उम्मीद कम है। 

जिला अस्पताल की पीएमएस डॉ. एचसी गड़कोटी ने बताया कि सीटी स्कैन स्थापित होने से मरीजों को इसका लाभ मिलेगा। रेडिएशन का कोई खतरा नहीं है। पूर्व में तैयारी के समय ही स्वास्थ्य कर्मियों को इसका विरोध करना चाहिए था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *