Uttrakhand News:अंकिता भंडारी केस: अब ‘VIP’ के चेहरे से उठेगा पर्दा, दिल्ली CBI ने दर्ज किया मुकदमा; देहरादून पहुंची टीम
उत्तराखंड के बहुचर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड में कथित वीआईपी की जांच को लेकर सीबीआई दिल्ली की एससी-2 यूनिट में केस दर्ज किया गया है। मुकदमा अज्ञात वीआईपी पर दर्ज किया गया है। सीबीआई ने पुलिस से मामले की जांच अपने हाथ में ले ली है।
🌸अब सीबीआई टीम पुराने रिकॉर्ड खंगालेगी।
अंकिता के माता-पिता ने मामले की सीबीआई जांच की मांग की थी। अंकिता के पिता ने कहा था कि उनकी बेटी की हत्या एक ‘वीआईपी’ की वजह से हुई, जिसकी पहचान अभी तक नहीं हुई है। माता-पिता की मांग पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कथित ‘वीआईपी’ की भूमिका की सीबीआई जांच की सिफारिश की थी। सूत्रों के अनुसार, मुकदमा दर्ज करने के तुरंत बाद ही सीबीआई की एक विशेष टीम देहरादून पहुंच चुकी है।
🌸सीबीआई ने पुलिस से टेकओवर किया केस
सीबीआई की विशेष टीम ने राज्य पुलिस से केस से जुड़े तमाम दस्तावेज और साक्ष्य अपने कब्जे में ले लिए हैं। सीबीआई का मुख्य फोकस पुलिस की अब तक की जांच में मिले तथ्य और कथित वीआईपी की पहचान और भूमिका की जांच करने पर होगा।
🌸कब क्या हुआ
🌸18 सितंबर,2022: ऋषिकेश के वनंतरा रिजॉर्ट से 19 वर्षीय रिसेप्शनिस्ट अंकिता भंडारी संदिग्ध परिस्थिति में लापता हुई।
🌸22 सितंबर,2022: मामले की गंभीरता को देखते हुए केस राजस्व पुलिस से नागरिक पुलिस को ट्रांसफर किया गया। मामले में मुख्य आरोपी पुलकित आर्य समेत तीन गिरफ्तार।
🌸24 सितंबर,2022: चीला नहर से अंकिता भंडारी का शव बरामद हुआ। इसके बाद पूरे राज्य में विरोध प्रदर्शन शुरू।
🌸30 मई 2025: कोटद्वार की कोर्ट ने मुख्य आरोपी पुलकित आर्य समेत सौरभ और अंकित को उम्रकैद की सजा सुनाई।
🌸09 जनवरी,2026: नए साक्ष्यों और अंकिता के माता-पिता की मांग पर मुख्यमंत्री ने सीबीआई जांच की सिफारिश की।
