Uttrakhand News :सुरंग में फंसे श्रमिकों के तनाव को कम करने के लिए बोर्ड गेम और मोबाइल फोन भेजे गए,ताकि उनकी मानसिक हालात ठीक रहे

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उत्तरकाशी सुरंग में फंसे श्रमिकों को बचाने में काफी मुश्किलें सामने आ रही हैं, यह कारण है कि अभियान में देरी हो रही है, अधिकारियों ने फंसे हुए श्रमिकों को उनके तनाव को कम करने के लिए बोर्ड गेम और मोबाइल फोन उपलब्ध कराए हैं।

ताकि उनकी मानसिक हालात ठीक रहे। पीटीआई के मुताबिक, अधिकारियों ने कहा कि मजदूरों को लूडो और सांप-सीढ़ी जैसे बोर्ड गेम भी उन्हें उपलब्ध कराए गए हैं ताकि वे खेलकर तनाव कम कर सकें।

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) के अधिकारियों ने शनिवार को कहा कि मलबे के कारण मशीनों में खराबी के कारण बचाव अभियान कई हफ्तों तक जारी रह सकता है। साथ ही, उन्होंने बताया कि घटनास्थल पर एक लैंडलाइन फोन कनेक्शन स्थापित किया गया है और डिवाइस को सुरंग के अंदर भेजा जाएगा।

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💠मजदूरों ने अपने घरवालों से बात की है

एनडीएमए के सदस्य लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन (सेवानिवृत्त) ने कहा कि अच्छी खबर यह है कि अंदर फंसे 41 मजदूर ठीक हैं। उनके पास सभी चीजें जा रही है… मजदूरों के परिजन भी आ गए हैं और उन्होंने बात भी की है। वहीं बचाव अभियान में कुछ समस्याओं का हम सामना कर रहे हैं। ऑगर मशीन में क्षति हुई है। मशीन के उस हिस्से को बाहर लाने के लिए उन्नत मशीनरी की आवश्यकता है, जिसे भारतीय वायु सेना द्वारा हवाई मार्ग से लाया जा रहा है जो जल्द ही सुरंग स्थल पर पहुंच जाएगा।

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💠हमें धैर्य रखने की है जरूरत- एनडीएमए

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) क सदस्य लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन (सेवानिवृत्त) ने कहा, “हमें थोड़ा धैर्य रखना पड़ेगा। काम करने वालों पर किसी प्रकार का दवाब नहीं डालना है। याद रखना है कि जहां भी काम हो रहा है वे खतरनाक है।”

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