सावधान:-उत्तराखंड में फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले आज एसटीएफ ने जन सेवा संस्थान के मालिक को किया गिफ्तार

 

उत्तराखंड के ऋषिकेश में नेपाली और विदेशी नागरिकों के फर्जी आधार कार्ड बनाने वाले सेंटर का पर्दाफाश कर एसटीएफ ने तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।

 

 

 

 

उत्तराखंड एसटीएफ के एसएसपी आयुष अग्रवाल ने बताया कि ऋषिकेश स्थित एक जन सेवा संस्थान की ओर से मोटी धनराशि लेकर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अन्य देश और राज्य के निवासियों को उत्तराखंड का निवासी दिखाते हुए फर्जी आधार कार्ड, फर्जी वोटर आइकार्ड और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज बनाये जा रहे थे। एसटीएफ ने सीएससी के संचालक लक्ष्मण सिंह सैनी, बाबू सैनी और भारत सिंह उर्फ भरदे मदई को गिरफ्तार किया है । एसटीएफ मुख्य आरोपी लक्ष्मण सिंह सैनी से पूछताछ कर रही है कि अब तक कितने नेपाल मूल और अन्य लोगों के फर्जी दस्तावेजों के जरिए आधार कार्ड और वोटर आईडी कार्ड बनाए गए हैं। नेपाल मूल के भरत सिंह का उत्तराखंड के पौड़ी जिले के एक गांव का वोटर कार्ड, आधार कार्ड बनाने का भी मामला सामने आया है। एसटीएफ इस बात की जांच कर रही है कि आखिर अभी तक कॉमन सर्विस सेंटर से कितने लोगों का फर्जी दस्तावेजों के जरिए कार्ड बनाया गया है। कॉमन सर्विस सेंटर में पैसे लेकर धड़ल्ले से देशी व विदेशी नागरिकों के आधार कार्ड व पैन कार्ड बनाने के मामले को देखते हुए एसटीएफ गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ रही है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से एसटीएफ ने 640 ब्लैंक प्लास्टिक कार्ड 200 लैमिनेशन कवर 28 वोटर कार्ड आईडी 68 आधार कार्ड 17 पैन कार्ड 7 आयुष्मान कार्ड और कई इलेक्ट्रॉनिक मशीन को भी बरामद किया है।

यह भी पढ़ें 👉  *छात्रों पर लाठीचार्ज लोकतंत्र और युवाओं की आवाज पर हमला: भूपेंद्र सिंह भोज* अल्मोड़ा। दिल्ली में अपने भविष्य और परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस द्वारा लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल किया जाना अत्यंत निंदनीय और दुर्भाग्यपूर्ण है। यह बात जिला कांग्रेस कमेटी अल्मोड़ा के जिलाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह भोज ने कही। उन्होंने कहा कि देश के छात्र अपने भविष्य को लेकर सवाल पूछ रहे हैं। NEET जैसी महत्वपूर्ण परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक जैसे गंभीर मामलों ने लाखों विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों के विश्वास को गहरा आघात पहुंचाया है। ऐसे में सरकार को छात्रों की आवाज सुनकर उनकी समस्याओं का समाधान करना चाहिए, न कि उनके लोकतांत्रिक अधिकारों को कुचलने के लिए पुलिस की लाठियां चलानी चाहिए। भूपेंद्र सिंह भोज ने कहा कि जिस देश में छात्र अपने भविष्य की चिंता लेकर संसद तक अपनी आवाज पहुंचाने जाते हैं, वहां उन्हें लाठियों से जवाब देना लोकतंत्र की आत्मा पर चोट है। सरकार को यह समझना होगा कि छात्र देश का भविष्य हैं, अपराधी नहीं। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार युवाओं को रोजगार, पारदर्शी परीक्षाओं और सुरक्षित भविष्य का भरोसा देने में विफल रही है। जब छात्र अपने अधिकारों और भविष्य के लिए आवाज उठाते हैं, तो सरकार संवाद करने के बजाय दमन का रास्ता अपनाती है। यह लोकतांत्रिक मूल्यों के बिल्कुल विपरीत है। जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने मांग की कि दिल्ली में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की निष्पक्ष जांच कराई जाए, दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई हो तथा छात्रों की परीक्षा संबंधी सभी मांगों पर केंद्र सरकार तत्काल संवाद करे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी देश के छात्रों और युवाओं के साथ मजबूती से खड़ी है। युवाओं की आवाज को लाठी के बल पर दबाया नहीं जा सकता। संघर्ष जारी रहेगा और छात्रों के न्याय की लड़ाई को कांग्रेस पार्टी पूरी ताकत से आगे बढ़ाएगी।

 

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