बागेश्वर वरिष्ठ पत्रकार डॉ. दीवान नगरकोटी के आकस्मिक निधन पर बागेश्वर के पत्रकारों ने किया शोक व्यक्त

 

 

वरिष्ठ पत्रकार और पत्रकार संगठन के अध्यक्ष डॉ. दीवान सिंह नगरकोटी का कैंसर रोग से निधन हो गया है। पिछले कुछ समय से दिल्ली से कैंसर से अपना इलाज करा रहे थे । नगरकोटी 1980 के दशक में विवि की पढ़ाई दौरान से ही पत्रकारिता से जुड़ गए थे ।

 

 

वहीं उत्तराखण्ड संघर्ष वाहिनी व बाद में उलोवा से उनका निकट का संबंध रहा। उस दौर में निकलने वाले जंगल के दावेदार व अभी जारी नैनीताल समाचार से उनका लगातार नाता बना रहा नगरकोटी ने डॉ. शेखर पाठक की पहल पर प्रकाशित पहाड़ में शोध की दृष्टि से कई महत्वपूर्ण आलेख लिखे ।

यह भी पढ़ें 👉  सत्य और स्वराज का संदेश: महात्मा गांधी और उत्तराखंड के ऐतिहासिक रिश्तों की एक झलक:-चन्द्रशेखर तिवारी दून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र, देहरादून के शोधकर्ता 

 

 

उन्होंने पीएचडी उत्तराखंड के परमरागत जल प्रबन्ध शीर्षक पर पूरी की थी। उनकी बालकथा पर श्चल तुमड़ी बाटै बाटश् पुस्तक भी प्रकाशित भी हुई। गिरि विकास अध्ययन संस्थान लखनऊ व बाद में उत्तराखण्ड सेवा निधि पर्यावरण शिक्षा केंद्र से अल्मोड़ा से जुड़ कर सामाजिक कार्य किए।

 

इसके बाद राष्ट्रीय सहारा तथा हिंदुस्तान अल्मोड़ा के ब्यूरोचीफ रहे। सक्रिय पत्रकारिता के छोड़ कर उन्होंने एक बार फिर से अजीम जी प्रेमजी फाउंडेशन के साथ प्राथमिक शिक्षा के कार्य में सहयोग किया। इस बीच वह स्वतंत्र लेखन, पत्रकारिता और समाज सेवा में लगे थे ।

यह भी पढ़ें 👉  सत्य और स्वराज का संदेश: महात्मा गांधी और उत्तराखंड के ऐतिहासिक रिश्तों की एक झलक:-चन्द्रशेखर तिवारी दून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र, देहरादून के शोधकर्ता 

 

 

 

उनके निधन पर पत्रकार संगठन एनयूजेआई के जिला इकाई संगठन ने गहरी शोक संवेदना व्यक्त की है। वही दिवंगत आत्मा की शांति के लिए शोक व्यक्त किया गया। शोक सभा के दौरान एनयूजेआई जिलाध्यक्ष गोविन्द मेहता, संरक्षक, सुरेश पांडे,देवेंद्र पांडे,गणेशचंद्र उपाध्याय,महेश चंद्र जोशी,अशोक लोहनी,जगदीश उपाध्याय

 

 

चन्द्रशेखर बड़सीला,उपाध्यक्ष हिमांशु गढ़िया महामंत्री योगेश नगरकोटी व जुगल कांडपाल,बसंत चंदोला,सुष्मिता थापा,हिमांशु जोशी,मनोज कुमार,शेर सिंह ऐठानी, आदि मौजूद थे।