यहाँ मगरमच्छ को मारने पर ग्रामीणों पर हो गया केस दर्ज

 

खटीमा में वन विभाग ने आधे दर्जन से अधिक ग्रामीणों पर नामजद मगरमच्छ को मारने का मुकदमा किया दर्ज। तीन जुलाई को मेहरबान नगर गांव में बहने वाली देवहा नदी में मगरमच्छ द्वारा 13 वर्षीय वीर सिंह को मारने के आरोप के बाद ग्रामीणों ने एक मगरमच्छ और नदी से निकाल कर किया था घायल जिसकी बाद में हो गई थी मौत।

 

उधम सिंह नगर जनपद की सीमांत तहसील खटीमा के मेहरबान नगर में तीन जुलाई को एक 13 वर्षीय बालक वीर सिंह द्वारा देवहा नदी से अपनी भैंस पार कराते हुए एक मगरमच्छ द्वारा मारने का मामला सामने आया था। वीर सिंह को मगरमच्छ द्वारा मारे जाने की सूचना पर सैकड़ों ग्रामीणों ने नदी में दिख रहे एक मगरमच्छ को पकड़ कर उसे घायल कर दिया था।

यह भी पढ़ें 👉  सत्य और स्वराज का संदेश: महात्मा गांधी और उत्तराखंड के ऐतिहासिक रिश्तों की एक झलक:-चन्द्रशेखर तिवारी दून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र, देहरादून के शोधकर्ता 

 

 

 

 

मगरमच्छ का एक्स-रे करने पर उसके अंदर किसी भी प्रकार का कोई मानव अंग नहीं मिला था। वहीं घायल होने के कारण मगरमच्छ की पंतनगर में इलाज के दौरान मृत्यु हो गई थी। मगरमच्छ की मृत्यु होने के बाद वन विभाग ने कड़ा एक्शन लेते हुए वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत ग्रामीणों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।

यह भी पढ़ें 👉  सत्य और स्वराज का संदेश: महात्मा गांधी और उत्तराखंड के ऐतिहासिक रिश्तों की एक झलक:-चन्द्रशेखर तिवारी दून पुस्तकालय एवं शोध केंद्र, देहरादून के शोधकर्ता 

 

 

 

वन विभाग द्वारा दर्ज मुकदमे में प्रियांशु, दीपांशु, विपिन, अमित, संत कुमार और अमित कुमार को नामजद किया गया है साथ ही कई अज्ञात ग्रामीण बताए गए हैं।
वही डीएफओ संदीप कुमार ने मीडिया को बताया कि खटीमा वन रेंज में वन्य जीव संरक्षण अधिनियम के तहत 6 नामजद और कई अज्ञात ग्रामीणों के खिलाफ मगरमच्छ को पीट-पीटकर मारने का मुकदमा दर्ज किया गया है जिसमें नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है।